जम्मू कश्मीर एवं लद्दाख प्रकोष्ठ
नवगठित केंद्र शासित प्रदेशों जम्मू एवं कश्मीर तथा लद्दाख में महिलाओं द्वारा सामना की जाने वाली विभिन्न प्रकार की विशिष्ट समस्याओं को ध्यान में रखते हुए, राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) ने एक विशेष प्रकोष्ठ “जम्मू एवं कश्मीर तथा लद्दाख प्रकोष्ठ” की स्थापना की है।
सीपीग्राम्स प्रकोष्ठ
CPGRAMS नागरिकों, शिकायत निवारण अधिकारियों और अपीलीय प्राधिकारियों के लिए एकल खिड़की (Single Window) मंच है। CPGRAMS पोर्टल पर पीड़ित नागरिकों द्वारा दर्ज की गई शिकायतों की जांच की जाती है तथा उनके शीघ्र निवारण के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाती है।
विवाह-पूर्व संवाद प्रकोष्ठ
परिचय: अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस, 8 मार्च 2025 के अवसर पर, राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) ने अपने मेंटरशिप कार्यक्रम के अंतर्गत “तेरे मेरे सपने” – विवाह-पूर्व संवाद केंद्र का शुभारंभ किया।
प्रशिक्षण प्रकोष्ठ
डिजिटल शक्ति केंद्र
मीडिया, सोशल मीडिया और कंटेंट क्रिएशन प्रकोष्ठ
मीडिया, सोशल मीडिया एवं कंटेंट क्रिएशन प्रकोष्ठ की गतिविधियाँ पत्रकारों और मीडिया संस्थानों के साथ सकारात्मक संबंध स्थापित करना एवं बनाए रखना। प्रेस विज्ञप्तियाँ तैयार करना और उनका प्रसार करना। प्रेस कॉन्फ्रेंस एवं मीडिया कार्यक्रमों का आयोजन करना।
आईटी सेल
राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) का आईटी प्रकोष्ठ आयोग और उसके कर्मचारियों को डिजिटल क्षेत्र से संबंधित सभी पहलुओं में तकनीकी सहायता प्रदान करता है। आयोग अपने कार्यों को प्रभावी एवं सुचारु रूप से संचालित करने के लिए सूचना प्रौद्योगिकी का उपयोग करता है।
राजभाषा प्रकोष्ठ
राजभाषा प्रकोष्ठ की गतिविधियाँ कार्यालय में हिंदी के प्रगतिशील प्रयोग को बढ़ावा देने के लिए राजभाषा अधिनियम, 1963 तथा राजभाषा नियम, 1976 के प्रावधानों का कार्यान्वयन सुनिश्चित करना। विभिन्न दस्तावेजों एवं सामग्री का संकलन करना।
सूचना का अधिकार प्रकोष्ठ
आरटीआई आवेदन आरटीआई अधिनियम 2005 के तहत किए गए प्रावधानों के अनुसार आरटीआई सेल में प्राप्त और संसाधित किए जाते हैं।
व्यवस्थापक अनुभाग (सामान्य)
स्थापना अनुभाग
नई पहल सेल
देश में महिलाओं की बदलती आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए, राष्ट्रीय महिला आयोग ने अपने कार्यक्षेत्र का विस्तार करने और महिलाओं से संबंधित उभरते मुद्दों पर प्रभावी ढंग से कार्य करने के लिए नवीन पहल प्रकोष्ठ की स्थापना की है।
शिकायत और अन्वेषण प्रकोष्ठ
राष्ट्रीय महिला आयोग को मौखिक, लिखित या आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन प्राप्त शिकायतों का निस्तारण करता है। देशभर से प्राप्त शिकायतों पर कार्रवाई करता है, जिनमें महिलाओं को उनके अधिकारों एवं हकदारियों से वंचित किए जाने से संबंधित शिकायतें भी शामिल हैं।
पूर्वोत्तर प्रकोष्ठ
आयोग का पूर्वोत्तर प्रकोष्ठ पूर्वोत्तर क्षेत्र की महिलाओं के आर्थिक, सामाजिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक सशक्तिकरण के लिए विशेष कदम उठाता है। पूर्वोत्तर क्षेत्र (NER) प्रकोष्ठ की स्थापना पूर्वोत्तर राज्यों की महिलाओं से संबंधित मुद्दों पर विशेष रूप से ध्यान देने और उनके कल्याण एवं सशक्तिकरण के लिए आवश्यक पहल करने हेतु की गई है।
महिला कल्याण एवं क्षमता निर्माण प्रकोष्ठ
राष्ट्रीय महिला आयोग अपनी स्थापना के समय से ही महिला सशक्तिकरण पर केंद्रित कार्यक्रमों का आयोजन करता रहा है। हालांकि, इस उद्देश्य के लिए वर्ष 2019 में एक समर्पित प्रकोष्ठ की स्थापना की गई। महिला कल्याण एवं क्षमता निर्माण प्रकोष्ठ (WW&CBC) आयोग के महिला सशक्तिकरण, कल्याण एवं क्षमता निर्माण से संबंधित कार्यक्रमों का संचालन करता है।
मानव तस्करी विरोधी प्रकोष्ठ
उपलब्धियाँ 2022-23 एवं 2023-24 मानव तस्करी निरोधक प्रकोष्ठ (स्थापना: 2 अप्रैल 2022) 1. “मानव तस्करी निरोधक जागरूकता” पर संगोष्ठी – 25 जून 2022 मानव तस्करी से संबंधित मामलों के प्रभावी समाधान को सुगम बनाने के उद्देश्य से “मानव तस्करी निरोधक जागरूकता” विषय पर एक संगोष्ठी का आयोजन किया गया।
महिला सुरक्षा ऑडिट सेल
महिला सुरक्षा प्रकोष्ठ के कार्य दिल्ली और सात अन्य राज्यों में स्थापित “हिंसा-मुक्त घर” परियोजना से संबंधित कार्य करना, जिसमें विशेष प्रकोष्ठों के कार्यों की निगरानी करना, निधियों का वितरण करना तथा परियोजना के प्रभावी क्रियान्वयन से संबंधित अन्य कार्य शामिल हैं।
निरीक्षण प्रकोष्ठ
निरीक्षण प्रकोष्ठ के कार्य हिरासत में रखी गई महिलाओं तथा अन्य संस्थानों, जिनमें मनोचिकित्सीय गृह भी शामिल हैं, में महिलाओं के कल्याण, सुरक्षा, कौशल विकास और सशक्तिकरण से संबंधित नीतिगत ढाँचे की समीक्षा करना। निरीक्षणों से संबंधित आवश्यक प्रारंभिक कार्य करना तथा महिलाओं के लिए उपलब्ध सुविधाओं और व्यवस्थाओं का आकलन करना।
कानूनी प्रकोष्ठ
राष्ट्रीय महिला आयोग अधिनियम, 1990 की धारा 10(1)(घ) के अंतर्गत आयोग संविधान और महिलाओं को प्रभावित करने वाले अन्य कानूनों के मौजूदा प्रावधानों की समीक्षा करता है तथा महिलाओं के हितों की रक्षा और उनके अधिकारों को सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक संशोधनों की सिफारिश करता है।
नीति निगरानी, अनुसंधान एवं प्रकाशन प्रकोष्ठ
अधिदेश के अनुसार, आयोग गैर-सरकारी संगठनों (NGOs), स्वैच्छिक संगठनों, विश्वविद्यालयों/महाविद्यालयों, स्वायत्त निकायों, संस्थानों आदि के सहयोग से विशेष अध्ययन करता है तथा सेमिनार/सम्मेलन और कार्यशालाएँ आयोजित करता है। आयोग संबंधित विषयों पर विशेषज्ञों और संस्थानों को भी इसमें शामिल करता है।
NCW महिला हेल्पलाइन (14490)
NCW महिला हेल्पलाइन का उद्देश्य हिंसा से प्रभावित महिलाओं के लिए डिजिटल शिकायत पंजीकरण प्रणाली उपलब्ध कराना है, जिसके माध्यम से शिकायतों को उचित प्राधिकरण, जैसे पुलिस, वन स्टॉप सेंटर, अस्पताल आदि से जोड़ा जाता है तथा आवश्यक सहायता और मार्गदर्शन प्रदान किया जाता है।
सुओ मोटो सेल
स्वप्रेरणा (Suo-Motu) प्रकोष्ठ के कार्य महिलाओं के अधिकारों के उल्लंघन अथवा उनके अधिकारों से वंचित किए जाने से संबंधित मामलों/घटनाओं का स्वप्रेरणा से संज्ञान लेना तथा जांच समितियों/तथ्य-जांच दलों का गठन करना। इन समितियों/दल के दौरों को सुगम बनाना, उनकी रिपोर्टों का प्रसंस्करण करना तथा रिपोर्ट के आधार पर आवश्यक कार्रवाई करना।
अनिवासी भारतीय प्रकोष्ठ
एनआरआई विवाहों में महिलाओं के अधिकारों के उल्लंघन से संबंधित मामलों की गंभीरता को देखते हुए, राष्ट्रीय महिला आयोग को राष्ट्रीय स्तर पर समन्वयकारी एजेंसी के रूप में नामित किया गया है।